विशाखापत्तनम, कर्नाटक और हैदराबाद के बीच दक्षिण क्षेत्र ट्वंटी 20 मुकाबले में गुरूवार को दो रन के चक्कर में जबरदस्त विवाद हो गया जिसके बाद इसी मैदान पर केरल और आंध्र के मुकाबले को ओवर घटाकर 13-13 का कर दिया गया। दरअसल उलझन उस समय पैदा हुयी जब कर्नाटक की पारी समाप्त होने के बाद उसकी पारी में दो रन जोड़े गये और बदले हुये लक्ष्य में हैदराबाद को दो रन से ही हार का सामना करना पड़ा। हैदराबाद की टीम ने इसका विरोध किया और मैदान पर अड़ गयी।

हैदराबाद ने सुपर ओवर कराने की मांग की हालांकि उसकी यह मांग मानी नहीं गयी और इसी मैदान पर केरल और आंध्र के बीच मैच में विलंब हो गया। कर्नाटक की पारी के दूसरे ओवर में फील्डर मेहदी हसन का पांच एक गेंद को रेाकने की कोशिश में डीप मिडविकेट पर सीमा रेखा पर रस्सी से टकरा गया। मैदानी अंपायरों अभिजीत देशमुख और उल्हास गंधे ने तीसरे अंपायर की मदद नहीं ली। हालांकि रिप्ले दिखा रहे थे कि हसन का पांव सीमा रेखा को छू गया था।

हैदराबाद ने जब लक्ष्य का पीछा करना शुरू किया तो उससे पहले कर्नाटक के कप्तान आर विनय कुमार अंपायर से इस तरफ इशारा किया और कर्नाटक के स्कोर में दो रन जोड़ दिये गये। हैदराबाद के कप्तान अंबाटी रायुडू अंपायरों के इस मामले को संभालने के तरीके से बेहद नाराज नजर आये और उन्होंने तर्क दिया कि विनय ने नौ मिनट तक खेल रोके रखा था।

रायुडू का कहना था कि हैदराबाद की टीम 204 रन के लक्ष्य के साथ उतरी थी लेकिन कर्नाटक के स्कोर को पांच विकेट पर 203 से 205 पहुंचा दिया गया था। हैदराबाद ने नौ विकेट पर 203 रन बनाये थे। रायुडू का कहना था कि उनकी टीम ने सुपर ओवर की मांग की थी जिसे माना नहीं गया।