नई दिल्ली, गुरुग्राम के चर्चित प्रद्युम्न मर्डर केस में एक के बाद एक कई खुलासे हो रहे हैं। इस मामले एसआईटी ने जब रायन इंटरनेशनल स्कूल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को कब्जे में लेकर उसकी जांच की तो खुलासा हुआ कि मासूम प्रद्युम्न खून से लथपथ रेंगते हुए टॉयलेट से बाहर आया था। जिसमें टॉयलेट के बाहर लगे एक कैमरे में प्रद्युम्न की हत्या के दौरान की तस्वीरें कैद हैं। इस मामले में आरोपी बस कंडक्टर अशोक को पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार किया है।

एसआईटी ने जब सभी सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को मिलाकर देखा तो सामने आया कि वो बस जिस में आरोपी कंडक्टर था ठीक 7 बज कर 40 मिनट पर स्कूल पहुंचती है। इसके बाद अशोक टॉयलेट की तरफ बढ़ता है। ठीक उसी समय 7 बजकर 55 मिनट कर मासूम प्रद्युम्न और उसकी बहन को छोड़ने उसके पिता स्कूल पहुंचते हैं। प्रद्युम्न के पिता उसे और उसकी बहन को स्कूल छोड़कर वापस चले जाते हैं।

उसके बाद प्रद्युम्न की बहन अपनी क्लास की तरफ बढ़ जाती हैं और प्रद्युम्न क्लास में जाने से पहले टॉयलेट की तरफ चला जाता है। इसके बाद सीसीटीवी फुटेज में दिखता है कि अशोक और प्रद्युम्न एक एक कर टॉयलेट में जाते हैं। इस दौरान फुटेज में गौर करने वाली बात ये है कि 7.55 से 8.10 के बीच मतलब 15 मिनट तक कोई तीसरा शख्स टॉयलेट में जाता हुआ नहीं दिखता।

इसके बाद अशोक टॉयलेट से बाहर निकलता है और चला जाता है उसके बाद प्रद्युम्न एक हाथ से अपने गले को पकड़ कर बाहर की तरफ रेंगता हुआ दिखाई पड़ता है। इसके बाद वहां पहुंचने वाला पहला शख्स स्कूल का माली होता है और वहीं टॉयलेट के बाहर खून से लथपथ प्रद्युम्न को देखकर शोर मचाता है। इसके बाद हंगामा देख आरोपी अशोक भी वहां पहुंचता है और वही प्रद्युम्न को उठा कर टीचर की कार में रखता है जहां हॉस्पिटल जाते ही उसे मृत घोषित कर दिया जाता है। हालांकि कई लोगों का कहना है कि प्रद्युम्न की हत्या में किसी और का हाथ है जिसको बचाने के लिए कंडक्टर को बेवजह बलि का बकरा बनाया जा रहा है।