इस्लामाबाद:पाकिस्तान (Pakistan) में हर दिन कोरोना संक्रमण (Coronavirus) के हजारों नए मामले सामने आ रहे हैं. रविवार को भी 1000 से ज्यादा नए मामले सामने आए हैं और अभी तक करीब 460 लोगों की इससे मौत हो चुकी है. उधर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) ने देश के युवाओं को सलाह दी है कि लॉकडाउन के दौरान उन्हें इस्लामी इतिहास (Islamic History) से जुड़ी किताबें पढ़नी चाहिए. इमरान ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान नौजवान पेड़ लगाएं और इस्लाम से जुड़ी अपनी जानकारी बढाएं.

पाकिस्तानी उर्दू अखबार अख़बार नवा-ए-वक़्त के मुताबिक़ इमरान ख़ान ने अपने ट्टीटर हैंडल से वर्ल्ड इकोनोमिक फ़ोरम का एक वीडियो क्लिप शेयर किया. उस वीडियो में लॉकडाउन के दौरान पाकिस्तान सरकार की तरफ़ से पेड़ लगाने के ज़रिए देश के बेरोज़गार नौजवानों को रोज़गार का मौक़ा देने की बात कही गई है. उन्होंने ट्टीट कर कहा कि पाकिस्तान के नौजवानों को लॉकडाउन के दौरान फ़िरास अल-ख़तीब की किताब, 'लॉस्ट इस्लामिक हिस्ट्री: रीक्लेमिंग मुस्लिम सिवीलाइज़ेशन फ़्रॉम द पास्ट' पढ़नी चाहिए.

एक पेड़ लगाकर कमाएं 3 डॉलर
इस वीडियो में कहा गया है कि रोज़ाना पेड़ लगाकर एक व्यक्ति तीन डॉलर तक कमा सकता है. इसे 'जंगल जॉब्स' का नाम दिया गया है. अख़बार नवा-ए-वक़्त के मुताबिक़ पेड़ लगाने के अलावा इमरान ख़ान ने लॉकडाउन के दौरान इस्लामी इतिहास से जुड़ी किताब पढ़ने का सुझाव दिया. पाकिस्तानी उर्दू अख़बार जंग के अनुसार पिछले एक सप्ताह में स्वास्थ्यकर्मियों में कोरोना पॉज़िटिव मामलों में 75 फ़ीसदी का इज़ाफ़ा हुआ है. अख़बार के अनुसार 216 डॉक्टर, 67 नर्स और 161 अन्य स्वास्थ्यकर्मी कोरोना संक्रमण के शिकार हो चुके हैं.

बिलावल भुट्टो ने लगाए आरोप
उधर पाकिस्तान पीपल्स पार्टी के अध्यक्ष बिलावल भुट्टो ने इमरान पर आरोप लगाते हुए कहा- 'केंद्र सरकार के पास काम ही क्या है. इस वक़्त न तो कोई जंग लड़नी है, न क़र्ज़ लौटाना है. इसलिए सरकार कोरोना पर ध्यान दे. अगर प्रधानमंत्री को काम नहीं करना है तो वो इस्तीफ़ा दें और घर जाएं, किसी और को काम करने दें.' बिलावल भुट्टो ने आगे कहा कि इमरान ख़ान की सरकार कश्मीर की तरह कोरोना के मुद्दे पर भी राष्ट्रीय एकता क़ायम करने में नाकाम रही.