मथुरा:लॉकडाउन (Lockdown) के दौरान पुलिस की दरियादिली के किस्से तो आपने खूब सुने होंगे. लेकिन उत्तर प्रदेश के मथुरा (Mathura) से ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसे सुनकर आप हैरान रह जाएंगे. दरअसल, मथुरा में एक पुलिस चौकी के इंचार्ज और 3 सिपाहियों ने 5822 हज़ार पेटी शराब (Liquor) बाजार में बेच दी. यह शराब चेकिंग के दौरान पुलिस ने अलग-अलग मामलों में जब्त की थी. शराब की कीमत करोड़ों में बताई जा रही है. इस मामले में एसएसपी मथुरा ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल भेज दिया. एक स्टिंग ऑपरेशन कर खुद एसएसपी ने इस मामले का खुलासा किया था. इसमे एक शराब माफिया (Liquor Mafia) भी शामिल बताया गया है. मामला करीब 15 दिन पुराना बताया जा है. क्राइम ब्रांच इस पूरे मामले की जांच कर रही है.

जब्त शराब बेचने की ऐसे खुली पोल
कुछ दिन पहले कोसीकलां में शराब से भरा एक ट्रक पकड़ा गया था. ट्रक को जब्त कर पुलिस की कस्टडी में खड़ा कर दिया गया था. लेकिन जब्त ट्रक में से आधी शराब गायब हो गई. मामला खुलता देख इलाके की पुलिस लीपापोती में लग गई. इसकी भनक एसएसपी मथुरा को हो गई. उन्होंने एक महिला एसआई और एक दरोगा की टीम बनाकर स्टिंग ऑपरेशन कराया. गायब हुई शराब खरीदने के लिए यह टीम पहुंच गई. जहां से यह शराब बेची जा रही थी, वहां आरोपी सिपाही की कार भी खड़ी थी. उसी में से निकालकर  शराब टीम को दी गई. तभी मौके पर पहुंचकर पुलिस ने सभी को दबोच लिया.

कागजों में नष्ट कर बेच देते थे शराब

जांच में सामने आया कि आरोपी पुलिसकर्मियों ने सिर्फ इसी ट्रक की नहीं, बल्कि कोटवन चौकी पर जब्त शराब भी बेची है. जांच हुई तो सामने आया कि कोटवन पर जो भी शराब जब्त की जाती है, उसे कागजों में नष्ट होना दिखा दिया जाता है. इसके बाद बाजार में एक शराब माफिया के हाथों बेच दिया जाता था. जब पकड़ी गई शराब की गिनती कराई गई तो मालूम पड़ा कि 5 हजार पेटी शराब कम है.

मामला खुलते ही फरार हो गए पुलिस वाले
चर्चा यह भी है कि जब मथुरा एसएसपी मामले की तह तक पहुंच गए तो इसकी भनक लगते ही कोटवन चौकी का स्टाफ फरार हो गया. लेकिन दो सिपाहियों को जेल भेज दिया गया. एक दरोगा और हेड मोहर्रिर के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है. शराब माफिया को भी जेल भेज दिया गया है. शराब बेचने का यह धंधा कांशीराम आवास योजना के एक मकान और एक बंद पड़ी फैक्ट्री से किया जा रहा था.

वहीं इस पूरे मामले पर एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर का कहना है, “क्राइम ब्रांच इस पूरे मामले की विवेचना कर रही है. मामले में अब तक 2 सिपाही व 2 शराब दलाल जेल भेजे गए हैं. 5822 पेटियां कोटवन चौकी से कम पाई गईं हैं.”