भरतपुर, राज्य पीसीपीएनडीटी टीम ने 90वाॅ डिकाॅय आॅपरेशन करते हुए बुधवार को उत्तरप्रदेश के आगरा शहर में 3 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर अपंजीकृत पोर्टेबल सोनोग्राफी मशीन को जब्त कर लिया है। यह 22वाॅ इंटरस्टेट डिकाॅय आॅपरेशन है। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के सचिव एवं राज्य पीसीपीएनडीटी सैल के समुचित प्राधिकारी नवीन जैन ने बताया कि मुखबिर से आगरा शहर की अनुराधा नाम की महिला नर्स द्वारा भरतपुर, धौलपुर एवं दौसा क्षेत्र की महिलाओं को दलालों के माध्यम से आगरा ले जाकर गर्भस्थ शिशु की भ्रूण लिंग जांच कर उनका कन्या भ्रूण होने पर गर्भ समापन कराने की सूचना प्राप्त हुई।

सूचना प्राप्त होते ही परियोजना निदेशक पीसीपीएनडीटी रघुवीर सिंह के नेतृत्व में दल का गठन कर सूचना का सत्यापन कराया गया व बोगस ग्राहक के माध्यम से अनुराधा से सम्पर्क किया गया। अनुराधा द्वारा 30 हजार रुपये की मांग की गयी तथा 4 अक्टूबर को भरतपुर के हीरादास बाग बस स्टेण्ड आने को कहा गया। जैन ने बताया कि तय समय पर बोगस ग्राहक व सहयोगी से अनुराधा का सहयोगी जितेन्द्र नाम का व्यक्ति 30 हजार रुपये प्राप्त कर बोगस ग्राहक व सहयोगी को बस से आगरा ले गया।

वहां अनुराधा पहले से मौजूद थी। वहां से अनुराधा व जितेन्द्र सिंह बगिया हाथरस रोड़ सद्दिक भाई के मकान पर लेकर गये। इस मकान में किराये पर रहने वाली रूखसार बेगम उर्फ रिहाना नामक नर्स ने कमरे में ले जाकर अपंजीकृत पोर्टेबल मशीन से गर्भस्थ शिशु की जांच कर भ्रू लिंग की जानकारी दी व गर्भपात करने के एवज में 15 हजार की और मांग की।

मिशन निदेशक ने बताया कि सहयोगी महिला द्वारा इशारा प्राप्त होते ही पीसीपीएनडीटी टीम ने मौके पर जाकर नर्स अनुराधा व दलाल जितेन्द्र से 5-5 हजार व नर्स रेहाना से 10 हजार के नम्बरी नोटो को बरामद कर तीनों को गिरफ्तार कर लिया। मौके से अपंजीेकृत सोनोग्राफी मषीन जब्त की गयी। एक अन्य दलाल 10 हजार रुपये लेकर फरार हो गया। प्रकरण दर्ज कर मामले में अनुसंधान किया जा रहा है। टीम में जिला सम्यवायक भरतपुर, प्रवीण चित्तोड़गढ़ से शफ़ीक़ इक़बाल, दौसा से मुनेन्द्र शर्मा, धौलपुर से पंकज, प्रतापगढ़ से संदीप शर्मा, जयपुर से बबिता शामिल रहे।