जयपुर, राजस्थान उच्च न्यायालय ने जयपुर में चारदीवारी के आवासीय क्षेत्र में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों के मामले में नगर निगम को 19 फरवरी तक कार्ययोजना पेश करने या इनके खिलाफ कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। न्यायाधीश के एस झावेरी एवं वी के व्यास की खंडपीठ ने यह अंतरिम निर्देश आज स्वप्रेरित प्रसंज्ञान मामले में सुनवायी करते हुए दिया। अदालत ने इस आदेश में अपने पूर्व में दिए गए उस आदेश को संशोधित कर दिया, जिसमें नगर निगम को हल्दियों का रास्ता क्षेत्र में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं करने के लिए कहा था।

पिछली सुनवायी पर अदालत ने नगर निगम को चार सप्ताह का समय देते हुए चारदीवारी क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियों का प्लान पेश करने के लिए कहा था। गौरतलब है कि उच्च न्यायालय ने वर्ष 2013 में स्थानीय निवासियों की शिकायत पर हल्दियों का रास्ता में स्थित आवासीय क्षेत्र में चल व्यावसायिक गतिविधियों पर स्वप्रेरित प्रसंज्ञान लिया था।