कैंडी, श्रीलंका टीम के गेंदबाजी कोच चमिंडा वास ने अपने स्पिनरों मलिंदा पुष्पकुमार और लक्षण संदाकन के प्रदर्शन पर संतुष्टि जताई जिन्होंने तीसरे और अंतिम टेस्ट के पहले दिन भारत के पांच विकेट चटकाते हुए मेहमान टीम को छह विकेट पर 329 रन ही बनाने दिए। भारत एक समय 400 रन के करीब पहुंचता नजर आ रहा था लेकिन अंतिम दो सत्र में बायें हाथ के स्पिनर पुष्पकुमार (40 रन पर तीन विकेट) और चाइनामैन सनदाकन (84 रन पर दो विकेट) ने मेजबान टीम को वापसी दिलाई। भारत ने अंतिम दोनों सत्र में तीन-तीन विकेट चटकाए।

वास ने प्रेस काफ्रेंस में कहा, ‘गेंदबाजों ने काफी अच्छी गेंदबाजी की, विशेषकर स्पिनरों ने। हमने पहले दिन उन्हें 320 रन (329 रन) पर रोका। मैं स्पिनरों से काफी खुश हूं। अंत में विश्व फर्नांडो के अंतिम दो स्पैल भी अच्छे थे। उन्होंने कहा, ‘विकेट बल्लेबाजी के लिए काफी अच्छी है। हमने पहले कुछ घंटों में देखा कि गेंद कैसा बर्ताव कर रही है और बल्लेबाज कैसे रन बना रहे हैं। यह कैंडी का पारंपरिक विकेट है।’

गौरतलब है कि श्रीलंका की स्पिनरों मलिंडा पुष्पेकुमार और लक्षन संदाकन ने पहले दिन शानदार गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए लगातार विकेट लेकर भारतीय बल्लेनबाजों पर दबाव बनाए रखा। पुष्पाकुमार ने तीन और संदाकन ने दो विकेट लिए। मैच का पहला सेशन अगर पूरी तरह से भारतीय ओपनरों शिखर धवन और केएल राहुल के नाम रहा तो दूसरे और तीसरे सेशन में श्रीलंकाई गेंदबाजों ने अपनी चमक दिखाई। गॉल का पहला टेस्टत टीम इंडिया ने 304 रन और कोलंबो में हुआ दूसरा टेस्टन एक पारी और 53 रन से जीता था।