नई दिल्ली:अर्थव्यवस्था को रफ्तार देने के लिए केंद्र सरकार ने 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज का ऐलान किया है. इस पैकेज (Stimulus Package) में PF और टैक्स को लेकर कई बदलाव किए गए हैं, जिससे नौकरीपेशा लोगों को फायदा होगा. वित्‍त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister Nirmala Sitharaman) ने आज विस्‍तार से जानकारी दी है. आइये आपको 5 पॉइंट्स में बताते हैं निर्मला सीतारमण ने PF और टैक्स को लेकर आपके लिए क्या बड़ी घोषणाएं की हैं.

1. 15 हजार रुपये तक की सैलरी वालों का पीएफ सरकार भरेगी. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह फैसला लिया है कि अगस्त तक कंपनी और कर्मचारियों की तरफ से 12 फीसदी, 12 फीसदी की रकम EPFO में अपनी तरफ से जमा करेगी. देश में संगठित क्षेत्रों को ध्यान में रखकर यह फैसला लिया गया है. इसके साथ ही इस फैसले से 4 लाख से ज्यादा संस्थाओं को भी फायदा मिलेगा. लेकिन इस योजना की कुछ शर्तें हैं. सरकार के इस ऐलान का फायदा सिर्फ उन्हीं कंपनियों को मिलेगा, जिनके पास 100 से कम कर्मचारी हैं और 90 फीसदी कर्मचारी की सैलरी 15,000 रुपये से कम है. यानी 15 हजार से ज्यादा तनख्वाह पाने वालों को इसका फायदा नहीं मिलेगा.

2. फाइनेंस मिनिस्टर निर्मला सीतारमण ने कहा कि EPF में भी रिलीफ दिया जा रहा है. इसके सपोर्ट के लिए 2500 करोड़ रुपये आवंटित किए जा रहे हैं. भारत सरकार कंपनी और कर्मचारी दोनों की तरफ से 12 फीसदी का कंट्रीब्यूशन करेगी. इसे सपोर्ट को मार्च-मई 2020 से बढ़ाकर जून-अगस्त 2020 तक कर दिया गया है.

3. इनकम टैक्‍स रिटर्न फाइलिंग की डेडलाइन बढ़ा दी गई है. वित्त वर्ष 2019-20 के लिए सभी आयकर रिटर्न की समय सीमा 31 जुलाई 2020 से बढ़ाकर 30 नवंबर 2020 कर ​दी गई है. इसके साथ ही टैक्स आडिट की समय सीमा भी 30 सितंबर 2020 से बढ़ाकर 31 अक्टूबर 2020 कर दिया गया है.

4. टैक्‍सपेयर्स को 31 मार्च 2021 तक टीडीएस कटौती में 25 फीसदी की राहत मिली है. यह इंटरनेट, रेंट, ब्रोकरेज सहित सभी पेमेंट पर लागू होगा. यह 14 मई से लागू होगा और 31 मार्च 2021 तक चलेगा. इससे लोगों के हाथ में 50,000 करोड़ रुपये आएंगे. उदाहरण के तौर पर अगर किसी का 100 रुपये का टीडीएस/टीसीएस बनता है तो उसे 75 रुपये ही देने होंगे. यह भी ऐलान किया गया कि यह फैसला कल यानी 14 मई से ही लागू हो जाएगा. कॉन्ट्रैक्ट, प्रोफेशनल फीस, ब्याज, किराया, डिविडेंड, कमीशन, ब्रोकरेज आदि के लिए भुगतान घटी हुई टीडीएस रेट के दायरे में आएगा. इससे 50000 करोड़ रुपये की लिक्विडिटी लोगों के हाथों में रहेगी.

5. सरकार ने विवाद से विश्वास स्कीम की आखिरी तारीख भी बढ़ा दी है. वित्त मंत्री ने बताया कि विवाद से विश्वास स्कीम के तहत बिना ब्याज और पेनल्टी के 31 दिसंबर 2020 तक भुगतान कर सकते हैं. इस स्कीम की समय सीमा दूसरी दफा बढ़ाई गई है. इससे पहले सरकार ने मार्च में इसकी समय सीमा बढ़ाकर 30 जून 2020 की थी. बता दें, वित्त मंत्री ने बजट 2020 में विवाद से विश्वास स्कीम का ऐलान किया था. इसके तहत करदाताओं और टैक्स विभाग के बीच टैक्स विवादों का एकमुश्त निपटान का प्रावधान किया गया था. इसमें विवाद टैक्स रकम का भुगतान बिना पेनल्टी और ब्याज के करने की छूट थी.