चंडीगढ़:पूरा देश जलियांवाला नरसंहार के 100 वर्ष पूरे होने  पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित कर रहा है। 1919 में आज के ही दिन जलियांवाला बाग में शांतिपूर्ण जनसभा पर जनरल डायर और ब्रिटिश सैनिकों की गोलीबारी में सैंकड़ों निर्दोष नागरिक शहीद हुए थे। नरसंहार की 100वीं बरसी पर आज उप राष्‍ट्रपति वेंकैया नायडू ने अमृतसर में जलियांवाला बाग स्‍मारक में शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और स्‍मारक सिक्‍का और डाक टिकट भी जारी किया।

गौरतलब है कि अंग्रेजी हुकुमत के दौरान अमृतसर के जलियांवाला बाग में  शहीद स्‍मारक पर 13 अप्रैल 1919 में बैशाखी वाले दिन अपनी जान निछावर करने वाले शहीदों का याद किया जा रहा है। जनरल रिग्‍नोयल डायर ने बैशाखी पर राष्‍ट्रीय नेताओं सत्‍यपाल और शेफुदिन खिचलु की गिरफ्तारियों को शांतिपूर्वक ढ़ंग से विरोध कर रहे हजारों लोगों पर गोली चलवा दी थी। आज भारत में ब्रिटिश उच्‍चायुक्‍त ने जलियावाला बाग में पहुंचकर अघुंकित पुस्तिका में में लिखित संदेश में ब्रिटिश भारत के इतिहास के इस कांड को शर्मनाक बाताया और इसके लिए खेद भी जताया। 

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि यह भयानक नरसंहार, सभ्‍यता पर कलंक है और इसे भारत कभी भुला नहीं पाएगा। वहीं पीएम मोदी ने कहा कि देश इन शहीदों का बलिदान कभी भुला नहीं पाएगा। उन्होंने कहा कि यह बलिदान हमें ऐसे सुदृढ़ भारत के निर्माण के लिए और अधिक परिश्रम करने की प्रेरणा देता है, जिस पर गर्व किया जा सके।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने अमृतसर में जलियांवाला बाग नरसंहार स्मारक जाकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह भी उनके साथ थे।